, self composed song ४४४

होठों की हंसी बन गए
जब से देखा तो मेरी जान मेरी
 तुम मेरी जीने की वजह बन गई

दिल की खुशी बन गए
जब से चाहा तुम्हें
 बस तेरे ही होकर रह गए

वो तेरा मेरी बातों पे यूं जोर से हंसना
वो तेरा मुझे देख कर यूं मुस्कुराना
वो तेरा मुझे दुखी देख ही यूं  सहम जाना
कैसे भूले जब चाहा तुम्हें भूल
तो  तेरी यादों में ही  खोकर रह गये

वो तेरा मुझे यूं आसानी से छोड़कर जाना
वो तेरा मुझे यूं बेदर्दी से रुलाना
वो तेरा मेरे पास लौट कर ना आना
कैसे भूले जब से जाना तुम्हें
तो बस तुम्ही में सिमट कर रह गए





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